Corporate Law Notes in Hindi pdf notes

Corporate Law Notes in Hindi pdf notes Welcome to dreamlife24.com. we are presented to you bcom 2nd year corporate law notes in hindi for commerce students in this article you find all company law notes and best way how to prepare your exam and you communication skills. This course is specially for Bcom. Please share this … Read more

Vacation of Directors

Vacation of Directors संचालकों का पदत्याग या स्थान रिक्त होना  धारा 168 के अनुसार एक संचालक का पद उसकी नियुक्ति के बाद निम्नलिखित दशाओं में रिक्त हो जाता है-  (1) योग्यता अंश न लेना-यदि एक संचालक नियुक्ति के बाद निर्धारित 2 माह की अवधि के भीतर योग्यता अंश नहीं ले या अन्य किसी भी समय … Read more

Alteration in the Memorandum of Association

Alteration in the Memorandum of Association पार्षद सीमा नियम में परिवर्तन  पार्षद सीमानियम कम्पनी का महत्त्वपूर्ण प्रलेख होता है अतः इसे आसानी से बदला नहीं किया जा सकता। इनमें परिवर्तन करने के लिये कई औपचारिकताओं एवं नियमों का पालन करना पड़ता है। इसके विभिन्न वाक्यों में परिवर्तन की विधियाँ इस प्रकार हैं – (1) नाम वाक्य … Read more

Powers of Directors

Powers of Directors संचालकों के अधिकार  संचालकों के अधिकारों को दो भागों में बाँटा जा सकता है— (1) सामान्य अधिकार, (2) विशेष अधिकार । इनका विस्तृत विवेचन इस प्रकार है – (1) सामान्य अधिकार (General Powers)-कम्पनी अधिनियम की धारा 291 के अनुसार, कम्पनी के संचालक उन सब अधिकारों का प्रयोग कर सकते हैं तथा वे सब … Read more

Meaning of Articles of association meaning in hindi

Meaning of Articles of association meaning in hindi पार्षद अन्तनियम पार्षद अन्तनियम से आशय कम्पनी के उदेयं के कार कलेव का नत्र प्रबन्ध व्यवस्था को सुचारू रूप से चलाने के लिये बनाये गये नियम व नियम है। कमानी की सम्पूर्ण आन्तरिक प्रवन्ध वस्या पार्षद अनन्या के अनुसार हरे र अन्तनियम कमनी का दूसरा महत्वपूर्ण लेख … Read more

Relationship of Promoter with the Company

Relationship of Promoter with the Company प्रवर्तक का कम्पनी के साथ सम्बन्ध एक प्रवर्तक का कम्पनी के साथ निम्न प्रकार का सम्बन्ध होता है – (1) विश्वासाश्रित सम्बन्ध (Fiduciary Relation) कम्पनी के साथ प्रवर्तक । विश्वासाश्रित सम्बन्ध होते हैं। दूसरे शब्दों में यह कहा जा सकता है कि कम्पनी के प्रवर्तकों कम्पनी के साथ तथा उन … Read more

Meaning of Incorporation of Company

Meaning of Incorporation of Company कम्पनी के समामेलन का अर्थ  भारतीय कम्पनी अधिनियम के अनुसार, कम्पनी के समामेलन हेतु उस राज्य के रजिस्ट्रार (जहाँ पर कम्पनी का रजिस्टर्ड कार्यालय होगा) के पास (i) पार्षद सीमानियम, (ii) पार्षद अन्तर्नियम, (iii) संचालकों की संचालक बनाने की लिखित सहमति, (iv) संचालकों की योग्यता अंश लेने की लिखित सहमति, … Read more

Legal Position of Promoter

(Legal Position of Promoter) प्रवर्तक की वैधानिक स्थिति  प्रवर्तक कम्पनी का एजेन्ट नहीं हो सकता क्योंकि उसके प्रवर्तक बने रहने तक कम्पनी अस्तित्व में नहीं होती जबकि बिना स्वामी के कोई एजेन्ट नहीं होता। अतः प्रवर्तक कम्पनी का कम्पनी का प्रवर्तन एवं समामेलन (पंजीयन)/ 23 एजेन्ट नहीं है। प्रवर्तक कम्पनी का ट्रस्टी नहीं हो सकता क्योंकि … Read more

Meaning of Company Promotor Notes

Meaning of Company Promotor Notes कम्पनी प्रवर्तक का अर्थ एवं परिभाषा  कम्पनी अधिनियम, 2013 की धारा 2(69) के अनुसार, वह व्यक्ति जिसके मस्तिष्क में कम्पनी स्थापित करने का विचार उत्पन्न होता है और जो कम्पनी निर्माण से पूर्व उसकी समस्त क्रियाओं को अपनी जिम्मेदारी पर करता है, उसे प्रवर्तक कहते हैं । कम्पनी अधिनियम में प्रवर्तक … Read more

Corporate Veil meaning

समामेलन का पर्दा (Corporate Veil) समामेलन का पर्दा (Corporate Veil) नियम कम्पनी की स्वतन्त्र वैधानिक सत्ता के सिद्धान्त पर आधारित है। इसके अनुसार कम्पनी एवं सदस्यों के बीच एक पर्दा या आवरण होता है। जो कम्पनी को अपने सदस्यों से अलग वैधानिक अस्तित्व प्रदान करता है और कम्पनी की देनदारियों का दायित्व कम्पनी पर होता है … Read more